Saturday, June 8, 2013

सम्मानित मंच द्वारा दिए गए इस सुन्दर अवसर पर मै अपने मन के भावों को प्रस्तुत कर सका ....इसे रचना का मान आप सम्मानित मित्रों की सराहना से मिला ....लिखते समय कभी भी इसके गुण-दोषों पर इतने विस्तार से नहीं जा सका ....जितने विस्तार से आप सम्मानित मित्रों ने अपना स्नेह / सराहना दी। .....हम -आपको और चाहिए भी क्या ,एक रचनाकार होने के नाते ...बस यही न की हमारी रचनाओं को ..हमारे विचारों को उचित प्रतिसाद मिले ....गंभीर सराहना /आलोचना से बढ़कर  कोई और पुरूस्कार क्या होगा। ....आदरणीय ... नवल जी ,सिया जी ,अलका जी,सपन साहब,आशुतोष जी ,निशित जी ,सिन्हा साहब ,गोविन्द जी ,अतुल जी ,विनोद जी ,प्रमिला जी ,रोशन जी ,पारीक साहब,विनोद जी ,रमेश जी ,शशि सिंह जी ,संदीप जी ,वरुण जी ,शशि पुरवार जी,निशा जी, फानी जी  ........आप सभी की गंभीर उपस्थिति ने इन रचनाओ का मान बढाया है ....मै  ह्रदय से कहता हूँ ..... सम्मानित मंच द्वारा दिए गए इस सम्मान ...और आप वरिष्ठ ,सम्मानित मित्रो का ये   स्नेह मेरी स्मृतियों में स्पंदित होता रहेगा ....मुझे व्यक्तिशः  आप सम्मानित मित्रों के स्नेह को सम्मान देना चाहिए था किन्तु लक्ष्मी जी आड़े आ गई .....पेशे से सेल्स-मेन  हूँ ना ....मार्केट से लक्ष्मी बटोरुंगा ...तभी तो बॉस सुबह हँसकर  गुडमोर्निंग का जवाब देगा ...हा हां हा हा .....पुनः आप सभी वरिष्ठ ,सम्मानित मित्रो को नमन करता हूँ .....सादर .....सम्मानित मंच द्वारा दिए गए इस सुन्दर अवसर पर मै अपने मन के भावों को प्रस्तुत कर सका ....इसे रचना का मान आप सम्मानित मित्रों की सराहना से मिला ....लिखते समय कभी भी इसके गुण-दोषों पर इतने विस्तार से नहीं जा सका ....जितने विस्तार से आप सम्मानित मित्रों ने अपना स्नेह / सराहना दी। .....हम -आपको और चाहिए भी क्या ,एक रचनाकार होने के नाते ...बस यही न की हमारी रचनाओं को ..हमारे विचारों को उचित प्रतिसाद मिले ....गंभीर सराहना /आलोचना से बढ़कर  कोई और पुरूस्कार क्या होगा। ....आदरणीय ... नवल जी ,सिया जी ,अलका जी,सपन साहब,आशुतोष जी ,निशित जी ,सिन्हा साहब ,गोविन्द जी ,अतुल जी ,विनोद जी ,प्रमिला जी ,रोशन जी ,पारीक साहब,विनोद जी ,रमेश जी ,शशि सिंह जी ,संदीप जी ,वरुण जी ,शशि पुरवार जी,निशा जी, फानी जी  ........आप सभी की गंभीर उपस्थिति ने इन रचनाओ का मान बढाया है ....मै  ह्रदय से कहता हूँ ..... सम्मानित मंच द्वारा दिए गए इस सम्मान ...और आप वरिष्ठ ,सम्मानित मित्रो का ये   स्नेह मेरी स्मृतियों में स्पंदित होता रहेगा ....मुझे व्यक्तिशः  आप सम्मानित मित्रों के स्नेह को सम्मान देना चाहिए था किन्तु लक्ष्मी जी आड़े आ गई .....पेशे से सेल्स-मेन  हूँ ना ....मार्केट से लक्ष्मी बटोरुंगा ...तभी तो बॉस सुबह हँसकर  गुडमोर्निंग का जवाब देगा ...हा हां हा हा .....पुनः आप सभी वरिष्ठ ,सम्मानित मित्रो को नमन करता हूँ .....सादर .....

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